Day: May 12, 2025
उदारता
May 12, 2025
तीन मित्र रोजाना साथ-साथ जाते थे। एक दिन एक मित्र पैसे देता था दूसरे/ तीसरे दिन दूसरे। पहला मित्र कम से कम पैसे देने की
कर्म-चेतना
May 12, 2025
जो पुरुषार्थ को इच्छानुसार बदल सके वह कर्म-चेतना। एकेन्द्रियों में यह नहीं पायी जाती है। निर्यापक मुनि श्री सुधासागर जी
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