Month: July 2025

वैराग्य / विषाद

वैराग्य कारण –> मेरे साथ ऐसा क्यों हो रहा है ? विषाद कारण –> मेरे साथ ही ऐसा क्यों हो रहा है ? चिंतन

Read More »

अंत समय प्रभु नाम

आखिर अंत समय प्रभु नाम स्मरण न कर पाने के मुख्य कारण हैं क्या ? 1) अभक्ष्य भक्षण। 2) अपशब्द प्रयोग। 3) पर-निंदा (निंदा यदि

Read More »

विवाह

धर्म प्रवाह प्रभावित हुई क्या बिना विवाह। आचार्य श्री विद्यासागर जी

Read More »

वनस्पति में जीव

विज्ञान ने वनस्पति में जीव को सिद्ध करके माना तो है पर पुद्गलों के लक्षणों से। आत्मा को तो वे जानते/ मानते ही नहीं हैं।

Read More »

कर्म / धर्म

कर्म करना ज्यादा महत्वपूर्ण या धर्म करना ? क्या धर्म कर्म नहीं ? क्या कर्म धर्ममय नहीं हो सकता ? कितना, कब, क्यों और कौन

Read More »

अनुमोदना में छठा भाग

कहा जाता है कि दान आदि पुण्य क्रियाओं की अनुमोदना करने से पुण्य क्रिया करने वाले के पुण्य के छठे हिस्से के बराबर पुण्य मिलता

Read More »

अंतराय

आचार्य श्री विद्यासागर जी से प्रश्न किया कितने लोग मुनिराजों के चतुर्मास के लिए प्रयास करते हैं, पहले से घोषणा कर दी जाए तो उनके

Read More »

सम्यग्दर्शन

द्वितीयोपशम सम्यग्दर्शन अनंतानुबंधी की विसंयोजना तथा दर्शनमोहनीय के उपशम से होता है। जबकि प्रथमोपशम सम्यग्दर्शन में विसंयोजना की जरूरत नहीं। मुनि श्री सौम्य सागर जी

Read More »

आरंभ

मुनियों के लिए दोपहर की क्लास के लिए घंटी बजती थी। 2013 में अमरकंटक में आचार्य श्री विद्यासागर जी ने बोला… जब सब मुनियों के

Read More »

मंगल आशीष

Archives

Archives
Recent Comments

July 12, 2025