‘Kya shareer असंख्यात पुद्गल परावर्तन काल ke baad samaapt ho jaata hai ? Ise clarify karenge, please ? Reply
हाँ जब दिव्य ध्वनि में खिरा है तो होगा ना ! हमारा तुम्हारा शरीर नहीं किसी का भी लेकिन होगा पौद्गगलिक। Reply
बिल्कुल, हमारे शरीर भी औदारिक शरीर ही हैं। पर उनकी आयु इतनी लंबी नहीं होती, भोगभूमियों की असंख्यात वर्षीय होती है। Reply
6 Responses
औदारिक शरीर का उदाहरण दिया गया है वह पूर्ण सत्य है।
‘Kya shareer असंख्यात पुद्गल परावर्तन काल ke baad samaapt ho jaata hai ? Ise clarify karenge,
please ?
हाँ जब दिव्य ध्वनि में खिरा है तो होगा ना !
हमारा तुम्हारा शरीर नहीं किसी का भी लेकिन होगा पौद्गगलिक।
औदारिक शरीर me to humara shareer bhi aana chahiye ? Ise clarify karenge, please ?
बिल्कुल, हमारे शरीर भी औदारिक शरीर ही हैं। पर उनकी आयु इतनी लंबी नहीं होती, भोगभूमियों की असंख्यात वर्षीय होती है।
Okay.