मृत्यु
जब मृत्यु निश्चित है तो डर क्यों?
- अपने कर्मों तथा कर्म-सिद्धांत पर विश्वास की कमी।
- ध्यान/ Meditation के अभ्यास की कमी (जो ध्यान में मृत्यु का साक्षात्कार नहीं करते)।
मुनि श्री प्रणम्यसागर जी (शंका समाधान – )
जब मृत्यु निश्चित है तो डर क्यों?
मुनि श्री प्रणम्यसागर जी (शंका समाधान – )
One Response
मृत्यु को परिभाषित किया गया है वह पूर्ण सत्य है। अतः जीवन के कल्याण के लिए कर्म सिद्धांत पर विश्वास करना परम आवश्यक है।