Tag: ड़ा. अमित
अच्छा इंसान
June 8, 2012
अच्छा इंसान फूल की तरह होता है, जिसे हम छोड़ भी नहीं सकते और तोड़ भी नहीं सकते, तोड़ दिया तो मुरझा जायेगा और छोड़
अच्छा/बुरा
March 30, 2012
हे ईश्वर हम अगर वो नहीं कर सकें जो आप चाहते हो, तो इतनी समझ जरूर देना कि हम वो भी ना करें जो आप
विपत्ति
December 26, 2010
व्यक्ति को समझदार बनाने में, सम्पत्ति से ज्यादा विपत्ति का योगदान होता है । (ड़ा. अमित)
संगति
December 1, 2010
सुअर के बच्चे, पैदायशी सुअर जैसे गंदे नहीं होते, दूसरे सुअरों के साथ रहकर बाद में गंदे हो जाते हैं । (ड़ा. अमित)
Recent Comments