इशारा का उदाहरण दिया गया है वह पूर्ण सत्य है। अतः जीवन के कल्याण हेतु मनुष्य को अपने शरीर के इशारे को समझकर ही कार्यों को करना परम आवश्यक है। अतः शारीरिक स्थिति के हिसाब से कार्यों को पूर्ण करना परम आवश्यक है। Reply
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इशारा का उदाहरण दिया गया है वह पूर्ण सत्य है। अतः जीवन के कल्याण हेतु मनुष्य को अपने शरीर के इशारे को समझकर ही कार्यों को करना परम आवश्यक है। अतः शारीरिक स्थिति के हिसाब से कार्यों को पूर्ण करना परम आवश्यक है।