गुरु का पहला आशीर्वाद बीज-रूप होता है।
आगे के जल-रूप, पौधे को स्वस्थ बनाए रखने के लिए।
निर्यापक मुनि श्री सुधासागर जी
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2 Responses
आशीर्वाद को परिभाषित किया गया है वह पूर्ण सत्य है।जब पौधे को स्वस्थ रखने के लिए खाद पानी दिया जाता है,इसी प्रकार गुरु का पहिला आशीर्वाद मिलने पर बीज रुप हो जाता है,जो फलता फूलता रहता है।
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आशीर्वाद को परिभाषित किया गया है वह पूर्ण सत्य है।जब पौधे को स्वस्थ रखने के लिए खाद पानी दिया जाता है,इसी प्रकार गुरु का पहिला आशीर्वाद मिलने पर बीज रुप हो जाता है,जो फलता फूलता रहता है।
Gurudev ka aashirwad bhi hume sada milta rahe ! Namostu Gurudev !