अनन्त

अनन्त संख्या को कैसे समझें ?
अनन्त वह जिसमें आय न हो, सिर्फ़ व्यय ही व्यय हो पर संख्या अनन्त रहे,
जैसे भविष्य आज अनन्त है, अनन्त काल के बाद भी अनन्त रहेगा।
(जैसे विज्ञान में इंफिनिटी – इंफिनिटी = इंफिनिटी)।

मुनि श्री प्रमाणसागर जी

Share this on...

One Response

  1. अनन्त का उदाहरण दिया गया है वह पूर्ण सत्य है। अतः जीवन के कल्याण के लिए अनन्त के चक्कर में उलझना की अपेक्षा मोक्ष की भावना रखकर आगे बढने का प़यास करना परम आवश्यकता है, ताकि अनन्त से छुटकारा मिल सकता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This question is for testing whether you are a human visitor and to prevent automated spam submissions. *Captcha loading...

Archives

Archives

December 28, 2025

August 2026
M T W T F S S
 12
3456789
10111213141516
17181920212223
24252627282930
31