ज्ञान/ श्रद्बा को परिभाषित किया गया है वह पूर्ण सत्य है। अतः जीवन के कल्याण के लिए परिचित पर श्रद्बा करना परम आवश्यक है ताकि ज्ञान प़ाप्त हो सकता है। Reply
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ज्ञान/ श्रद्बा को परिभाषित किया गया है वह पूर्ण सत्य है। अतः जीवन के कल्याण के लिए परिचित पर श्रद्बा करना परम आवश्यक है ताकि ज्ञान प़ाप्त हो सकता है।
‘Gyaan’ aur ‘Shradhha’ ka difference bahut hi saral tareeke se explain kar diya !