Category: डायरी
आज
मैं “कल” को, तलाशता रहा दिनभर.. और शाम होते-होते, मेरा “आज” डूब गया…! (अरविंद)
Insult / Respect
The moment I insult my fellow man, I lose the respect of others.
दुःख निवारण
किसी ने पूछा – भगवान दु:ख दूर करते हैं ? साधु ने कहा -ना रे ! भगवान किसी का दुःख दूर नहीं करते ! यदि
रिश्ते
एक लाज़वाब बात जो एक पेड़ ने कही…. हर रोज़ गिरते हैं पत्ते मेरे, फिर भी हवाओं से बदलते नहीं रिश्ते मेरे। (दिव्या)
इंसान
???????????????????????????? सुखी होने के चक्कर में जो पूरी जिंदगी दुखी रहता है…… उसी का नाम इंसान है । ???? सुरेश ????
मायाचारी
एक खेत में देवता रहता था । किसान उसमें खेती करने गया तो दोनों में साझेदारी का सौदा हो गया । देवता ने नीचे की
प्रमाण-पत्र
दूसरों के द्वारा दिये हुये प्रमाण-पत्र से नौकर/भक्त बनते हैं । खुद के प्रमाण-पत्र से मालिक/भगवान बनते हैं ।
फुर्सत
क्या बेचकर..खरीदें तुझे.. ऐ-“फुर्सत”.. सब कुछ तो..गिरवी पड़ा है.. जिम्मेदारी के..बाजार में… (ब्र.संजय)
Meaningful
Talk of nothing but business, and dispatch that business quickly.
संवेदन
3 प्रकार के लोग – संवेदन शून्य – निष्ठुर संवेदन शील – दयालु आत्म संवेदन शील – संत पुरुष
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