Category: डायरी

कोरोना

भगवानों तक ने सैकड़ों सालों तक कैसी-कैसी विपत्तियाँ झेलीं/ कर्मों से युद्ध करते रहे, और उनके भक्त कुछ महीनों के कोरोना से घबराने/डरने लगे !

Read More »

पूर्व / पश्चिम

पश्चिम की हवा लोगों को रुचिकर लगती है । पर वे भूल जाते हैं कि शीतलता तो पुरवय्या में ही होती है ।

Read More »

गर्भ में संस्कार

गर्भ में बच्चा सुनता नहीं, पर संस्कारित होता है । (जैसे पेड़/पौधों की Growth) तथा माँ के संस्कार भोजन के द्वारा पहुँचते हैं । मुनि

Read More »

प्रकाश

प्रकाश ऐसा उत्पन्न करो, जिसके लिये दियासलाई की तीली की ज़रूरत ना पड़े । स्वप्रकाशित/ स्वआश्रित ।

Read More »

इच्छा

“मेरा मकान अच्छा हो” चलेगा/दोष नहीं, पड़ौसी से अच्छा हो – अपराध; प्रतिस्पर्धा खुद से ठीक, दूसरों से गुनाह । इच्छा इतनी करो कि बिस्तर

Read More »

भगवान ने देखा

भगवान ने क्या देखा, भगवान जानें, भगवान ने क्या कहा, हम जानें और उसको follow करें ।

Read More »

सीखना / भूलना

बच्चों और युवाओं को अधिक से अधिक सीखना चाहिए, बुजुर्गों को अधिक से अधिक भूलना चाहिए । आर्यिका श्री विज्ञानमति माता जी

Read More »

स्वाहा

परमार्थ में – अच्छे से (अच्छे उद्देश्य के लिये) समर्पित करना । संसार में – तबाह करना ।

Read More »

सेवा / धर्म

कैंसर पीड़ित की सेवा करना अच्छी बात; कैंसर ना होने देना – धर्म, सबसे अच्छी बात । दोनों एक दूसरे के पूरक ।

Read More »

मंगल आशीष

Archives

Archives
Recent Comments

May 7, 2020

March 2026
M T W T F S S
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
23242526272829
3031