Category: डायरी
Vegetation
We have come to this planet as guest of PLANTS. (Dr. J.L.Jain)
सीख
काँच को शीशा बनाने के लिये उसके पीछे पारा चढ़ाया जाता है। इसीलिए शीशा दिखाने पर लोगों का पारा चढ़ जाता है। (अरविंद)
Welfare
The spaces between your fingers were created so that others could fill them in.
धर्मात्मा
जो संसारी वस्तुओं का त्यागी हो, वह धर्मात्मा हो भी सकता और ना भी हो, पर जिसने संसारी व्यक्तियों को स्वीकार कर लिया हो, वह
आँसू
जो दूसरों की आँखों को आँसू देते हैं, वे क्यों भूल जाते हैं कि उनके पास भी दो आँखें हैं। (अरविंद)
निमंत्रण
कृष्ण ने दुर्योधन का भोजन का निमंत्रण स्वीकार न करके, विदुर का स्वीकारा। कारण बताते हुए उन्होंने कहा- निमंत्रण स्वीकार करने के 3 कारण होते
Friend / Family
Last 3 letters in “Friend” are – “END” , in “Family” – “ILY” (I Love You). Both the words start with “F” (Familiar), but ends
रक्षाबंधन
सभी बहनों से विनम्र निवेदन – इस राखी पर जब आपका भाई आपसे पूछे की क्या उपहार चाहिए तो उससे कहिये कि वह दूसरों की
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