Category: डायरी
संसार / सुख
June 23, 2019
आचार्य श्री विद्यासागर जी महाराज का सर्वोत्तम विचार… “दर्पण में मुख और संसार में सुख, होता नहीं है, बस दिखता है” ( ब्र. निलेश भैया
ताक-झांक
June 20, 2019
सब को शौक है, दरारों से झांकने का; दरवाजा खोल दो तो कोई हाल तक नहीं पूछता..! (सुरेश)
ज़िन्दगी का हिसाब
June 19, 2019
ज़रा सी बात से मतलब बदल जाते हैं… उंगली उठे तो बेइज्ज़ती???????? अंगूठा उठे तो तारीफ़ ???????? और अंगूठे से उंगली मिले तो लाज़बाव???????? यही
परोपकार
June 17, 2019
दीपक का जीवन इसलिए वंदनीय नहीं है कि वह जलता है, अपितु इसलिये वंदनीय है क्योंकि वह दूसरों के लिए जलता है, दूसरों से नहीं
Doer
June 16, 2019
People like to think that they shape events, but in reality, it is the other way around.
रिश्ते
June 14, 2019
रिश्तों को जेबों में नहीं हुज़ूर! दिलों में रखिए…. क्योंकि… वक़्त से शातिर कोई जेबक़तरा नहीं होता…. (सुरेश)
Sadness / Joy
June 13, 2019
The walls we build around us to keep out the sadness, also keep out the joy.
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